पछवादून मीडिया संवाददाता,सेलाकुई
दून पुलिस ने एक बार फिर तत्परता और मानवीयता का परिचय देते हुए सेलाकुई क्षेत्र से लापता हुए एक मानसिक रूप से कमजोर युवक को राजस्थान के अजमेर से सकुशल बरामद कर लिया है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने न केवल एक बिछड़े हुए बेटे को उसकी मां से मिलाया, बल्कि खाकी के प्रति आमजन के विश्वास को और मजबूत किया है।
क्या था पूरा मामला
घटना की शुरुआत 6 जनवरी 2026 को हुई थी, जब जमनपुर निवासी श्रीमती मेहरबानो (पत्नी शोयब अली) ने सेलाकुई थाने में अपने पुत्र फिरोज अली की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। परिजनों ने पुलिस को बताया कि फिरोज मानसिक रूप से कमजोर है और वह बिना बताए घर से कहीं चला गया है। अनहोनी की आशंका से परिजन बेहद परेशान थे।
सीसीटीवी और सर्विलांस से मिली सफलता
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी देहरादून ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। सेलाकुई थाना पुलिस ने तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया। पुलिस टीम ने सबसे पहले गुमशुदा के घर और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगालना शुरू किया। इसके साथ ही, स्थानीय लोगों और परिचितों से गहन पूछताछ की गई।
तकनीकी सर्विलांस और मुखबिरों से मिली सूचना के आधार पर पता चला कि युवक राज्य से बाहर निकल चुका है। पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए सुरागों का पीछा किया और आखिरकार युवक को अजमेर (राजस्थान) से सकुशल बरामद कर लिया।
परिजनों के छलक पड़े आंसू
कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद जब पुलिस टीम फिरोज अली को लेकर वापस लौटी और उसे उसके परिजनों के सुपुर्द किया, तो वहां का माहौल बेहद भावुक हो गया। अपने बेटे को सही-सलामत देखकर मां और अन्य परिजनों की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। उन्होंने दून पुलिस की कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए पूरी टीम का हृदय से आभार व्यक्त किया।
पुलिस टीम की भूमिका रही अहम
इस सफल ऑपरेशन को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में निम्नलिखित अधिकारी और कर्मचारी शामिल थे:
उप निरीक्षक कृपाल सिंह
अपर उप निरीक्षक उमेद असवाल
कांस्टेबल मुकेश
महिला कांस्टेबल मलकीत कौर

